पहले निष्पक्ष जांच, दोषी पाए जाने पर ही हो कार्रवाई : इरशाद खान
बैतूल, 15 जुलाई 2026 | प्रेस क्लब ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट्स (PCWJ) संगठन द्वारा शीघ्र ही पत्रकारों पर बढ़ते हमलों, भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों को उजागर करने वाले पत्रकारों को झूठे प्रकरणों में फंसाने तथा उन्हें प्रताड़ित किए जाने के विरोध में राष्ट्रपति एवं राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा।
संगठन का कहना है कि किसी भी पत्रकार पर कार्रवाई करने से पहले निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच होना आवश्यक है। यदि जांच में कोई पत्रकार वास्तव में अवैध गतिविधियों, भ्रष्टाचार, ब्लैकमेलिंग या किसी अन्य गैरकानूनी कार्य में लिप्त पाया जाता है तो उसके विरुद्ध कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाए। संगठन ऐसे मामलों में कार्रवाई का पूर्ण समर्थन करता है।
PCWJ के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं संस्थापक एडवोकेट डॉ. सैयद खालिद कैस ने कहा कि संगठन हमेशा से पत्रकारों के हितों की रक्षा के लिए सक्रिय रहा है। चाहे पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग हो या पत्रकारों पर हो रहे हमलों का मुद्दा, संगठन ने हर स्तर पर पत्रकारों की आवाज बुलंद की है।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में पत्रकार की भूमिका सरकार और समाज के बीच एक मजबूत सेतु की होती है। पत्रकार भ्रष्टाचार, अनियमितताओं और जनहित से जुड़े मुद्दों को सामने लाकर शासन-प्रशासन को आईना दिखाने का कार्य करता है। यदि पत्रकारों को झूठे मामलों में फंसाकर उनकी आवाज दबाने का प्रयास किया जाएगा तो इसका सीधा असर लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर पड़ेगा।
PCWJ ने मांग की है कि किसी भी शिकायत के आधार पर पत्रकार के विरुद्ध तत्काल कार्रवाई करने के बजाय पहले निष्पक्ष जांच कराई जाए। जांच में दोष सिद्ध होने पर ही कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि ईमानदारी से पत्रकारिता करने वाले पत्रकारों का मनोबल बना रहे और वे निर्भीक होकर जनहित के मुद्दों को उजागर कर सकें।
PCWJ के प्रदेश सचिव सह बैतूल जिला अध्यक्ष श्री इरशाद खान ने बताया कि संगठन जल्द ही राष्ट्रपति एवं राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपकर पत्रकारों की सुरक्षा, निष्पक्ष जांच की व्यवस्था तथा पत्रकारों के अधिकारों की रक्षा की मांग करेगा। संगठन ने कहा कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को मजबूत बनाए रखने के लिए पत्रकारों की सुरक्षा और निष्पक्ष न्याय व्यवस्था सुनिश्चित करना समय की आवश्यकता है।

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